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Monday, February 14, 2011

Lonely in Love

Its bright,beautyful Valentines Day,
Deep night still prevailing in my bay .
Love has been all the way,
I dont know why I couldn't say.
It's still shining like a ray
in the darkness that I still stay.........

Was it an illusion that held me?
I am in confusion has it left me....
why heart is still heavy?
when no one exist in  my savvy..
is it possible to wipe out love?
when you come to know you cant have...

Day & night she comes in my sight,
me & my heart always fight
to get rid of her & get things right...

Heart is burning as I am learning
to make a move from the groove of my heart
to thrash Love far apart....

I am left alone with my heart
need to make it firm & hard
to prove that I am not incomplete without Love
but Love is incomplete without Me..............

Written By : Sudhir

Friday, December 31, 2010

Aakhri safar (last poem)

यह सूनी काली रात ,
खाली मेरे हाथ !
भीनी पल्खों का साज ,
ज़िन्दगी एक सजा बनगई ,
प्यार उसकी वज़ह बन गयी!

खामोश है मेरी साँसे
आवाज़ बनी तेरी आहट ,
पर दिल में अटकी बात
बन गयी है  मेरी रुकावट !

तेरी राह में थकी मेरी निगाहें
सपने बनी पल्खों की सजावट .
पर ख्वाब ना बन सके हकीकत
फिर भी तू ना हुई मेरे दिल से रुक्सत !

तुम ने मुझे हाथ ना दिया,
किस्मत मेरा साथ ना दिया !
मेरी ज़िन्दगी तोह  टूट रहा है ,
पर यादों का बैसाखी सहारा दे रहा है!
क्या करें पहले प्यार करना नहीं जानता था पर अब भुलाना नहीं जानता !
अब तक ज़िन्दगी जी रहा था अब से बस बिताना है...

Written By : Sudhir

Sunday, November 28, 2010

Alvida

बिन बुलाये ज़िन्दगी में बहार बनके आगये ,
और बिन बताये ज़िन्दगी से जान बनके  चल  दिए ,
अनचाहे अरमानो को आप के
अदाओं के एहसास उक्सागये !
अधूरे  सपनो को तोड़ के ....
अँधेरे में आप हमें जगा गए !

दिल की वीरानियो को घेरी है
अधूरी कहानियां ,
जो पूरी ना हुई आप के बिना .बहार बनी थी ज़िन्दगी पर ,
प्यार के ख्व्वाब सब पतझड़ बन के टूट गए
दिल ऐसा देहेख ने लगा की ,
पूरा जग का धुप भी कम लगने लगा !

मेरी ज़िन्दगी के आसमान में चाँद बनके छा गए !
पर किस्मत बने बादल के आड़ में आप  कही गुम हो गए !
आप के यादों से बरसे आसूं के बारिश में भी आप के
चाहत का सतरंगी इन्द्र धनुष सजता है !
हकीकत में आप और आप की हसी हासिल ना हुई ,
मेरे सपनो का साहिल बनके भी आप कही उजड़ गयी !
जानते है जो खो दिए वो ना पा सकेंगे ,
पर डरते है क्या हम कभी फिर प्यार कर सकेंगे !

Written By: Sudhir

Wednesday, October 20, 2010

बरसात

बरसात की रात है ,
अकेलापन का साथ है...
बूंदे मुझ को बहका रही है
चाहत तेरी जगा रही है  लेकिन तू है की सता रही है !

जी चाहता है कोई जुर्रत में करलू ,
गुलाबी चेहरे से गुस्थाकी करलू ,
तेरे इशारे  को में इजाजत समझू
श्याम ढल गयी है अब तो शरारत करलू .

तेरे पीठ पीछे कोई साजिश में करू  ,
कभी आके अचानक बाहों में जकड लू
इतना जोर दूं की हमारे  बीच हवा ना घुस पाये
और तुम्हे सांस लेना मुश्किल हो जाए  ,
पर मेरे असर से धड़कने तेज हो जाए !

पैरो  में तेरे पायल में बन जाऊं
और चनकने के बदले कदमो को चूमता रह जाऊं
ऐसे काटलूं  की चलना मुश्किल हो जाए ,
पर मेरे ज़हर से  तेरे  चाल को पंख  लग जाए !

अगर प्यार है तो अपने गले का गहना बनालो
और मुझे हर वक़्त अपने सीने से लगालो .
ताकि तेरे आहट तले मेरे साँसे चले
और तेरे धडकनों तले मेरी ज़िन्दगी चले....
अपने बीच प्यार य़ू ही पलता रहे
जब तक सूरज सागर के गोद में ढलता रहे....

Written by: Sudhir

Wednesday, September 1, 2010

Dream Girl

శిల లాంటి నా ఊహలకు శిల్ప రూపమా ,
కల లాంటి ప్రేమకు కావ్య రూపమా ,
హాలాహలపు వాన లో కూడా విరిసే హరివిల్లువా
హర్షించే నా హృదయాన్ని స్పర్శించే  మధువాణివా ?

నీ చిరునవ్వు తో మురిపాలు చిలికితే
ముత్యాల మీగడ నాదవ్వదా  ?
నీ ఆధారాల అందాలను అల్లుకొని మధుర రస 
సాగర మధనం చేస్తే అమృతం సైతం తుచ్చం కాదా?

నీ  కళ్ళ వాకిళ్ళ లో ,
చక్కిళ్ళ తాకిడి తో,
పరువపు వాన లో తడిస్తే ,
పరవశపు అంచులు దరి చేరవా?

అందాల అంబరాన అరుంధతి  తారవా ?
లేక ఆనందపు ఆలయానికి ఆరని దీపానివా ?
తిష్టగా ఎదురు చూస్తున్న నా ఆశల తీరాన్ని
ఆప్యాయపు ఆలవై అలుముకోవా ,
అనురాగపు లతవై ఆత్మీయంగా అల్లుకోవా ....

Written by: Sudhir

Sunday, August 1, 2010

My friendship day wishes

दोस्ती ज़िन्दगी का सुरीला राग है ,
जो हर पल में खुशियों का बाग़ सजाती है ,
और हर कदम पे  कांटो को भी कलियों में
बदल के ,खुशियाँ बिछाती है,
 ज़रुरत पड़े तो ज़िन्दगी कुर्बान कर देती है !


दोस्ती हर दिल का वो दुआ है ,
जो हर दर्द से  दवा बनके राहत देती है ,
और ज़िन्दगी भर की चाहत देती है!
जो मायूसी चेहरे पे नज़र आये तो ,
बाहों में लेके  भरोसा नजराने में देती है !


हर ज़िन्दगी के अरमानो से भरे लहरों का साहिल है दोस्ती ,
और अजनबियों को अपनापन का एहसास देनेंवाले
आशियानों का मंजिल है दोस्ती !


दोस्ती के सागर की गहराई में आप की तरह ,
अनमोल मोतियों जैसे अजीज दोस्त मिलते है !
मेरे दिल के गहराईयों में देखो तो ,
बस आप के यादों  के  खजाने  मिलते है !
आज का दिन भले हम साथ ना हो  पर मेरी दुवायें   हमेशा आप के साथ है !
Wish you all a happy Frienship day .
Written by :Sudhir

Thursday, July 1, 2010

जनम दिन

तेरे बिना तन्हाईयाँ ,
गले लगी है रुसवाईयाँ!
बेखुदी की इम्तेहान ,
बेरुखी  छाई हर जगह !

ज़िन्दगी जाने कहा खो गयी तेरे बिना ,
हर घडी हर दिशा ढूँढता हूँ तेरा निशाँ !
आशिकी  कहती है तू है जाने जहा ,
तिश्नगी कहती है तू कहा में कहा!

बदनसीबी  के बुलंदी पर इंतज़ार के ईट बिछाये जा रहा हूँ
इश्क का इमारत बनाने के ख्वाभ से
लेकिन तेरे ज़िन्दगी में मुझे जगह नसीब नहीं हुई...

सागर किनारा करता है इशारा ... चाँद का चमक चाहे जितना भी झलके,
और प्रतिबिम्भ दिखे सागर पे फिर भी लहर छु नहीं सकते अम्बर को...
मेरा दिल भी कुछ ऐसा ही कहता है ..
मेरा सांस और आस तुझ से जुडी है फिर भी तू मुझ से जुदा है ,
दिल चाहे जितना भी धडके तेरी यादों के सहारे
फिर भी तू मेरी ज़िन्दगी नहीं बन सकी ..

ए खुदा आज का दिन तुने मुझे ज़िन्दगी दी है ,
लेकिन हर दिन कोई मुझे मौत दे रहा है .
फिर भी जिए जा रहा हूँ जैसे कोई गुनाह किये जा रहा हूँ .
रोज अपना माथम मना रहा हूँ
आज तो अपना जन्मदिन मना लूं
ख़ुशी का एक बूँद पी लूं
 जी भर के आज तो  जी लूं
और तुझे शुक्रिया अदा करलूं
क्यों की तू ने मुझे सिर्फ ज़िन्दगी ही नहीं उसके हर पल में उनके यादों का अनमोल तोफा  दिया है....

Sunday, June 6, 2010

హృదయం

విరహపు విహారం ,
కదలదు ఈ కాలం ,
ఎడబాటులో నీ స్నేహం ,
పొందక తీరదు ఈ దాహం....

నా హృదయం లో  నువ్వున్నావా అని సందేహించినప్పుడు
స్వాసై  ప్రతి క్షణం సమాధానం ఇస్తావు  ...
అదే శ్వాసను బంధించాలనుకున్నప్పుడు ,
మాయమయి చేతి రేఖలలో
దురదృష్టాన్ని మిగిల్చి చూపుతున్నావు ...

గుండెలో గూడు కట్టుకున్న గుట్టునెలా చెప్పను ?
చీకటిల కమ్ముకున్న చింతలనేల   చూపను ?
తలచినప్పుడల్లా తడిమి తడిమి చూస్తా ,
చెంత నువ్వు  లేక  చెమ్మగిల్లి పోతా .
ఎటు చూసిన ఎడబాటే ,
గుండె నిండా తడబాటే అందుకే ...,

ఆవేదనల ఆవాహం ,
అశ్రువుల  ప్రవాహం ,
అంతులేని   ఈ భారం,
అదే  నా హృదయపు విషాదం  .....

Written By :Sudhir

Thursday, June 3, 2010

तलाश

नैना मेरे दिया बनके अँधेरी ज़िन्दगी में
उनको ढूँढने लगी है
मीलो तक मिला नहीं उनकी झलक
शायद वोह इतनी दूर थी जितना जमीन से फलक !
मखमली चेहरे पे हम मर मर के जी रहे है,
सोचते है की  जी रहे है या मर रहे है !

उनके यादों का तकिया लेके,
चाहत का चादर ओढ़ कर सोने की कोशिश करते है ,
लेकिन निराशा  की खौफ नींद ना आने देती है...
एक सपना खुशियों के झोके की तरह आया ,
जिसमे मैंने खुद को उनके संग पाया !
लेकिन ये झोका आँखे खुल ते ही
धोका बनके  इतराके गुम होगया   ...

दिल मोम बनके दिया जलाके ढूँढ रहा  है ,
और दिन बा दिन जलके पिगल रहा  है लेकिन,
 फिर भी अकेलापन ज़िन्दगी को निगल रहा है !
फिर से इतना अँधेरा  चागाया है की ,
मेरा साया भी मुझ से छूट गया है.........

Written By:Sudhir

Sunday, May 16, 2010

Echo of my heart

मेरे हर सांस और आहट में वोह शामिल है ,
दिल में उनकी यादों का महफ़िल है !
ज़िन्दगी एक सपने की तरह जिए जा रहा हूँ ,
की अपने अस्तित्व से खुद अजनबी बन गया हूँ !
दिल एक आईना  बनगया जिस में हर वक़्त उनका
चेहरा दिख रहा था ...
उनको भूलने के लिए दिल को चूर कर दिया
फिर भी हर टुकड़े में उनका नूर पाया ...

खुशियों का पता भूल गया और
ग़म के राहों में गुमराह होगया !
अब तो अपने आप में खुद को खोज रहा हूँ
अगर मिल भी गया तो खुद को  शायद तनहा पाउँगा
ऐसे में अपने आप  को  संभालू कैसे ?

अजीब है यह ज़िन्दगी जहा प्यार मेरा दुश्मन बनगया
और दर्द मुझ पे मेहरबान हो गया...
ऐसे में  यह प्यार को टोकु कैसे और इस दर्द को रोकू कैसे ?

Written by :Sudhir

Sunday, May 9, 2010

माँ my wishes to all mothers on mothers day


माँ, माँ,  माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ ,माँ,
ममता का मूरत
देवता का सूरत
प्यार की परछाई बनकर
मंदिर सी गोद में समेट कर
दुनिया की हर रुसवाई  से बचाती है माँ !

बचपन में कहानी सुनाके सुलाती है ,
आसमान में चंदा दिखाकर खिलाती है !
हर जीत को मनाती है
और हार में होसला देती   है !                                                                                                              अखियों में आंसूं आने से पहले अन्दर की
दर्द को पहचान कर अप्नालेती है और
बाहों में लेकर दिलासा देती है !
ज़िन्दगी का महक उसकी  आँचल में है ,
सादगी का मिसाल उसके आँखों में है !
कही अरमानो से हमें जनम देती है ,
 और सारे आरजुओं  को भूल कर ,
हमारे  खुशियों में उसकी खुशिया  पाकर मचल जाती है !
और हमारे  तकलीफ देख कर पिगल जाती है !
दुनिया में बस माँ है जो हमें एहसास दिलाती है की दुनिया में हम सब से बेहतर   है!
और हमारे ज़िन्दगी के हर मोड़ पे दुनिया बनकर साथ देती  है .....

ज़िन्दगी की बरकत
करुणा का फितरत
महब्बत की इबादत
और हम साया बनके अपनी प्यार की छाव में हमें पनाह देती है ......

इसीलिए दुनिया में दो ही शब्द है जिनको पवित्र माना जाता है एक है ॐ और दूसरा है माँ ....

 माँ,माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ, माँ माँ,
In memory of my granny I dedicate this poem to all the mothers on the auspious mothers day....
especially to my అమ్మ ....
Written by :Sudhir

Sunday, May 2, 2010

प्यार का पतंग

कोरा कागज़ बनके खोये हुए ऐसे ही पड़ा रहा था ,
तेरे प्यार के धागे बाँध ते ही पतंग बनके उड़ने लगा !
जान के भी अनजान बनके क्यों तेरे सपनो,
खयालो में ढील देता रहा ,
दीवानगी में इतना ऊँचा उड़ गया
की लगाम में लाना मुश्किल हो गया !
चाहके  भी मेरे चाहत के छर्के को
काबू करके संभाल ना सका
अब जहा भी देखू नामुमकिन की दिशायें है .
तेरे प्यार में मेरे दिल का धागा इतना नाज़ुक होगया है की   डरता हूँ आंसूओं की आंधी से टूट के
ज़िन्दगी से तंग आ कर ये पतंग बेचैनी की बारिश में
गीला  हो कर कही गिर ना जाए..........
Written by :Sudhir

Monday, April 26, 2010

विदाई

कल रात देर रात तक जागा रहा ,
जाने कहा था में खोया रहा....
कही सवालों का लहर उठ रहा था मन में ,
जिन में में उलझ रहा था
दिल और दिमाग में उनबन  बढ़ रही थी
और जवाब का तलाश जारी रहा....
माथे पे पसीना और भीनी थी पल्खे
शायद इसिलए नींद ना आ रहा था
खामोश था समा पर मेरे अन्दर  शोर था ,
कॉप उठी साँसे और धडकनों पे जोर था .!
शायद थख गए सवालों के वार से ,
ऐसे में ना जाने कब मीच गयी आँखें,
पल भर के लिए लगा की सब कुछ सिमट गया ,
लेकिन नींद में एक सपना आके लिपट गया ,
ख्वाब में देखा उनका चेहरा
लेकिन दिखा उनपे शादी का सेहरा
शायद मुझ पे था बेरहमी का पेहरा
उनकी जोड़ी इतनी खूबसूरत थी की
मुझे भूल जाना तो  उनके लिए जायज था !
यह सोच कर ग़म से दिल में खून के बदले
आंसूं बहने लगे और आँखे उन्हें
आखरी बार देखने के लिए तरस के सूख गए थे !
उनकी विदाई ले रही थी मेरी जान की कही से माँ की आवाज़
आई और मेरी नींद  जागी !
तब मुझे एहसास हुआ की एक दिन का  सपना अगर मेरा हाल ऐसा करेगा
तोह हर दिन का हकीकत कैसे मुझ पे  वार करेगा और मेरी ज़िन्दगी दुष्वार करेगा?
दुआ करता हूँ की ऐसा सपना फिर ना आये 
अगर आना तय है तोह अछा है ज़िन्दगी भर मुझे नींद ना आये .!..........
Written by Sudhir.

Thursday, April 22, 2010

दर्द

आँखों में उनकी ही नमी है ,
मेरी ज़िन्दगी के हर पल में उनकी कमी है !
ऐसे बेकदर मोहब्बत से सिर्फ मुझे क्यों सजा दे रहे हो ?
चाहत जगाना ही था तोह दोनों तरफ जगाना था ...
कभी कभी ख़याल आता है की,
उन्हें मुझ से प्यार होता और में नज़र अंदाज़ करता
तब जाके मेरे दर्द का कम से कम एक कतरे का एहसास उन्हें होता
पर कैसे उनका बुरा में चाहू और मेरा ग़म उन्हें बांटू ?
वफ़ा के बदले वफ़ा ही मिले ,
ऐसा दर्द भरी सजा तो दुनिया  में किसी  को  ना मिले .....
Written by: sudhir

Saturday, April 17, 2010

Adorable beauty

పసిడి క్రాంతి తో నిండిన పగలు,
వెండి వెలుతురు తో నిండిన వెన్నెల కలిపిన   
తేజస్సు గల సన్నజాజి  నా సఖియా .
తనను తాకిన నీటి బిందువును సైతం                  
ముత్యమంత అందంగా కనిపించేలా చేసే మృదు స్వభావం,
కవ్వింపు కు  అర్థం తెలిపే చిరునామా తన కనులు ,
కారు మబ్బులను సైతం కనిపించకుండా కమ్మివేసే అందమైన  కురులు ,
కాలాన్ని సైతం కరిగించి కనుమరుగై పోయేలా చేసే
మధురమైన మాటలు వాటిలో ఎక్కడ  దొరకని ఆత్మీయత ,
తన చిరునవ్వు చూస్తే చింతలన్ని కూడా  సంతోషం తో చిందులేస్తాయి .
తను హంసలా హుందాగా నడిచి వస్తుంటే
హరివిల్లు విరిసి అందాన్ని వేదజల్లుతూ ,
సిరిమువ్వల సవ్వడి తో సందడి చేస్తున్నట్టు గుండెల్లో అలజడి
మొదలవుతుంది , కాని తన అడుగులు ,పయనం నా వైపు  
కాదని అనిపించగానే క్షణం లో అంతా కలై కన్నీళ్ళలో కరిగి జారిపోతుంది....
Written by :- Sudhir

Saturday, April 10, 2010

जाने क्यों

जाने क्यों खुद से खफा खफा रहता हूँ ,
भरी महफ़िल से जुदा जुदा रहता हूँ !
अब तो लगता है आदत सी होगई
आप कि यादो में खो जाना ,
कि भीढ़ से ज्यादा सूनापन हमे भाति है !
आप के ख्वाबो खयालो से दिल में ऐसी
लहर उठती है जैसे बस पल भर के लिए सागर किनारे को साहिल टकराके भीगने कि ख़ुशी का एहसास होने से पहले भीना सूना छोड़ जाती है !
शायद इसलिए खुशियों के कलियों के महक से ज्यादा गम के गलियों से गुजरना अच्छा लगता है !
क्यों कि खुशिया हसी के साथ कम हो जाती है , लेकिन ग़म दिल कि गहराईयों में बस के हमसफ़र बनके
उनके एहमियत का मीठा एहसास हमेशा देती है !
अब तो जिंदगी में एक आस के सिवा कुछ ना बचा कि ,
इन अँधेरी राहों में कभी ना कभी चांदनी के रौशनी से भरी एक दिशा दिख जाए जो उन्हें हमारी मंजिल बना दे !।
Written by: Sudhir

Wednesday, March 31, 2010

Hyderabad old city conflicts

तबाही, तबाही, तबाही
इंसानियत के सीने पे तबाही ,
भायिचारी का मिसाल और पता था जहा ,
जाने किस बात की लड़ाई है वहा ?
दहशत का यह माहोल ,
और लाचारी है हर जगह !
जाने किस बात की लड़ाई है वहा ?
हर त्यौहार और ईद के मौके सदियों से मिलके है मनाये ,किसी में  है दम जो इन खुशियों को मिटादे ?                                     
कौम हो कोई भी ,मज़हब  चाहे जो भी हो
सभी एकता का महत्त्व सिखाते है !                              
कैसे बिछड़ गए किसी के जुदा करने के साजिश  से
क्या अपने उसूल इतने  कमजोर है की पल भर में
प्यार से खफा हो जाए और अपने ही भाईयों से बिछड़  जाए ?
अब तो  रूठे पल को रुक्सत करदो
और खुशहाली को गले लगालो!
और दुनिया को बतादो की हम हिन्दू मुसलमान से पहले हिंदुस्थानी है !


शायद दुनिया भूल गयी है की  हर हिन्दू  जब इस शहर को गर्व से हैदराबाद  बुलाता  है तब उसके मन में ये सोच या ख़याल ही नहीं आता है की हैदर   एक मुसल मान का नाम है ,वो तो इस शहर के  खुशहाली आबाद होने  के दुआ  देते हुए  हैदराबाद कहता   है ,चाहे क्यों ना  वो मुसलमान का नाम हो इसीलिए यह शहर भाग्यनगर से ज्यादा हैदराबाद के नाम से मशहूर और जाना जाता है !
यही सबूत है यहाँ की एकता कि  ,अब समय है  उनको यह साबित करके  दिखलाने की , की हम  एक थे एक है और हमेशा एक रहेंगे जय हिंद !

Written By :SUDHIR

Friday, February 26, 2010

beautyful day.



सूरज चंदा का नूर ,महकी हवाओं का सुरूर
झील झरनों का गुरूर
सब तुम्हारे खूबसूरती के सामने फिसूल है !

तारों के गहनों से सज कर ,बहारों का आँचल ओढ़ कर ,
जब तुम निकलो तो ऊंचे पहाड़ भी तुम्हारे आगे झुख जाए ...
ज़ालिम दुनिया की बुरी नज़रों के डर से हमें यूं ना तडपाओ
बस अपनी चाँद से चेहरे पे काले बादल का कजरा लगालो !

प्यासी दिल की गहराईयों में चाहत तेरी ऐसी बसी है ,
ऐसा लगता है जैसे तेरे बिना ज़िन्दगी मेरी बस कमियों से भरी है !
तेरी चाहत में बस जीए जा रहे है यह बेजान सी अधूरी ज़िन्दगी !
पर दुआ करता हूँ की तुम जहा भी रहो ऐसे ही ख़ुशी से मुस्कुराती रहो
और मेरे दिल की और इस कुदरत की रौनक बढ़ाती रहो!

Written By :- Sudhir

Sunday, February 14, 2010

valentines day wishes


పసి పాప నోటి నుండి తోలి పసిడి పలుకులు వినడానికి
పరితపించే తల్లి యొక్క ఆశ కన్నా ,
అమ్మాయి చేతి పైన వేసిన గోరింటాకు పండాలని
ఎదురు చూస్తూ పడే ఆత్రుత కన్నా ,
ఆ భగవంతుడి అనుగ్రహం పొందాలని అంతర్లీనమయి
ఆదమరిచే ఆరాధనా కన్నా,
ఆత్మీయుల పై అభిమానం,అమ్మ ప్రేమ ఆప్యాయత కన్నా,
అంబరాన కారుమబ్బులనుండి జాలువారే నీటి చినుకు కన్నా
స్వచ్చంగా ప్రేమించే వాళ్ళందరికీ ప్రేమికుల రోజు శుభాకాంక్షలు ......
Valentines Day wishes to all true lovers....
Wishes from:-Sudhir

Sunday, January 3, 2010

key for sucess

Its time to make a Aim
Its a time to make a move,

Believe in your will

and work hard till it get to you...



If life is dream then make it true

if life is goal then get it through.

Success should be mean for you,

at at any cost it be for you .



Beauty and fragrance lies in bud,

they come out when it grows into flower.

taste of life is in your hands ,

it gives you taste when you get success.



Success gives you pleasant,glorious feel& it will enhance you as a complete human being.



wish you a successful new year 2010.......



Written by:Sudhir